Tesla Recall: एलन मस्क की टेस्ला में आई बड़ी खराबी, दुनिया भर में 1.3 लाख से ज्यादा कारों मंगाना पड़ा वापस

Tesla Recall- India TV Paisa
Photo:AP

Tesla Recall

Highlights

  • एलन मस्क के महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट टेस्ला की कार में बड़ी गड़बड़ी सामने आई है
  • खराबी के चलते कंपनी को 130000 से अधिक कारों को दुनिया भर में रिकॉल करना पड़ा है
  • सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट (सीपीयू) के ओवरहीटिंग होने के कारण टचस्क्रीन की समस्या सामने आई है

हाल ही में ट्विटर खरीदने वाले दुनिया के सबसे अमीर इंसान एलन मस्क के महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट टेस्ला की कार में बड़ी गड़बड़ी सामने आई है। इस खराबी के चलते कंपनी को 130000 से अधिक कारों को दुनिया भर में रिकॉल करना पड़ा है। बता दें कि टेस्ला लंबे समय से भारत में प्रवेश की कोशिश कर रही है, लेकिन सरकार से की गई टैक्स संबंधी कुछ मांगों के पूरा न होने के कारण भारत में टेस्ला की एंट्री फिलहाल नहीं हो पाई है। 

प्राप्त जानकारी के अनुसार टेस्ला की कारों में सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट (सीपीयू) के ओवरहीटिंग होने के कारण टचस्क्रीन की समस्या सामने आई है। जिसको ठीक करने के लिए कंपनी ने 1,30,000 कारों को वापस मंगाया है। 

टेस्ला ने जारी किया ओटीए अपडेट 

अंग्रेजी टेक मैगजीन द वर्ज की रिपोर्ट के अनुसार, एलन मस्क की कंपनी टेस्ला ने हाल ही में प्रभावित वाहनों पर समस्या को ठीक करने के लिए एक ओवर-द-एयर अपडेट (ओटीए) जारी किया है। कंपनी की जिन कारों में समस्या सामने आई है, उसमें 2022 मॉडल 3 और वाई, 2021 और 2022 मॉडल एक्स और एस शामिल हैं।

ये थी खराबी

सीपीयू के अधिक गर्म होने के कारण कार का टचस्क्रीन भी पूरी तरह से ब्लैंक हो गया। राष्ट्रीय राजमार्ग यातायात सुरक्षा प्रशासन (एनएचटीएसए) द्वारा जारी रिकॉल नोटिस के अनुसार, “फास्ट-चार्जिग या फास्ट-चार्जिग की तैयारी के दौरान, इंफोटेनमेंट सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट (सीपीयू) अपेक्षित तापमान से अधिक को रोकने के लिए पर्याप्त रूप से ठंडा नहीं हो पा रहा था, जिससे सीपीयू स्लो प्रोसेसिंग या रिस्टार्ट हो सकता है।”

मुश्किल में पड़ सकता है ड्राइवर 

अमेरिकी एजेंसी के अनुसार, ओवरहीटिंग समस्या ड्राइवरों को अपने बैकअप कैमरे का उपयोग करने, टचस्क्रीन का उपयोग करने के साथ-साथ अपने विंडशील्ड वाइपर की गति को समायोजित करने से भी रोक सकती है। टेस्ला ने पिछले साल इंफोटेनमेंट सिस्टम को पावर देने वाले एएमडी राइजन- आधारित चिपसेट वाले वाहन भेजे थे।